मंगलवार को सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि स्थिति कितनी गंभीर है, हम ये समझ नहीं पा रहे हैं. ना ही कोई इसे गंभीरता से ले रहा है, भूमिगत जल का अत्याधिक दोहन हो रहा है. कोर्ट ने कहा कि आप विश्वयुद्ध की बात छोड़ो, दिल्ली में पानी के लिए ही वॉर शुरू हो जाएगा.
राजधानी दिल्ली में पानी की समस्या को लेकर मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी टिप्पणी की है. सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि दिल्ली में ग्राउंड वाटर की स्थिति काफी चिंताजनक और गंभीर है. कोर्ट ने कहा है कि पानी का स्तर इतना नीचे चला गया है कि हम राष्ट्रपति को भी पानी मुहैया नहीं करा पा रहे हैं.
राजस्थान में आकलन किए गए 248 ब्लॉक में से 66 फीसदी अतिशय दोहन वाले दायरे में हैं. इसके बाद दिल्ली (56%) का स्थान है. गौरतलब है कि देश में सिंचाई जरूरत का 60 फीसदी हिस्सा, पेयजल जरूरत का 85 फीसदी हिस्सा और शहरी जल जरूरतों का करीब 50 फीसदी हिस्सा भूजल से आता है.
दिल्ली में जलस्तर की स्थिति गंभीर , राष्ट्रपति को भी नहीं मिल रहा पानी
Views 128